उबर ड्राइवर

जानिये कैसे नाइजीरिया में यात्रियों से दोगुना किराया वसूल रहे हैं उबर ड्राइवर

कैब सर्विस देने वाली कंपनी उबर कई बार विवादों में फंस चुकी है. अब एक नया विवाद शुरू होता दिख रहा है. नाइजीरिया के सबसे बड़े शहर लागोस में कुछ उबर ड्राइवर यात्रियों से ज्यादा किराया लेने के लिए फेक जीपीएस ऐप का इस्तेमाल कर रहे हैं.

उबर ड्राइवर

qz.com की एक रिपोर्ट के मुताबिक, यहां उबर ड्राइवर Lockito नाम की ऐप यूज कर रहे हैं. इस जियोफेंसिंग बेस्ड ऐप के सहारे फेक जीपीएस रूट सेट किया जा सकता है. यहां उबर ड्राइवर इस ऐप का यूज कर यात्रियों से ज्यादा किराया वसूल रहे हैं. कई बार यह किराया दोगुना से भी ज्यादा होता है.

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इस रिपोर्ट के मुताबिक, एक ड्राइवर ने बताया कि इस ऐप से फेक जीपीएस सेट किया जाता है, जबकि फोन में असली जीपीएस सेट रहता है. उबर ऐप इन दोनों में सही का पता नहीं लगा पाती और यह दोनों ऐप के रूट के हिसाब से किराया कैलकुलेट करती है. इससे कुल किराया काफी ज्यादा रहता है.

कुछ ड्राइवर Lockito की मदद से ट्रिप शुरू होने से पहले ही पिकअप और ड्रॉप ऑफ लोकेशन सेट कर देते हैं. जब ट्रिप शुरू होती है तो रियल जीपीएस चलना शुरू होता है, लेकिन ट्रिप खत्म-खत्म होते-होते दोनों जीपीएस (असली और नकली) के हिसाब से किराया कैलकुलेट होता है. इस हिसाब से यात्रियों को थोड़ी दूर के लिए ज्यादा किराया देना पड़ रहा है.

कंपनी को भी ड्राइवरों के इस फ्रॉड का पता है. उबर नाइजीरिया के प्रवक्ता ने बताया कि यह उबर की गाइडलाइंस का उल्लंघन है और कंपनी ऐसा करने वाले ड्राइवरों पर नजर बनाए हुए है.

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